Don’t be fussy over trifles.
तुच्छ बातों पर उपद्रव मत करो। Don’t be fussy over trifles. ऊँचे विचारों वाले बनो और छोटी-छोटी बातों को बड़ा मसला मत बनाओ। माफी मांगना और माफ करना सीखो। तुच्छ बातों पर बवाल मचाने से तुम्हारा झूठा अभिमान संतुष्ट होता है। इससे कोई लाभदायक उद्देश्य प्राप्त नहीं होता। छोटी बातों पर उपद्रव न करें - यह एक लघुकथा है, जो छोटी-छोटी बातों में, सच में ...छोटी बातों पर उपद्रव न करने का संदेश देती है। यह लघुकथा सिखाती है कि धैर्य ही सुख की कुंजी है। एक छोटी-सी दरार (जैसे बांध में दरार) की अगर अनदेखी की जाए, तो एक पूरे शहर को डुबो सकती है; ठीक वैसे ही जैसे छोटी-छोटी पारिवारिक बहसें बड़े विवादों में बदल जाती हैं। अतः संयम और समझदारी से ही रिश्तों में प्रेम बना रह सकता है, उपद्रव से नहीं। छोटी-छोटी बातों पर न भड़कें - लघुकथा राम और श्याम दो पड़ोसी थे। राम बहुत ही शांत स्वभाव का था, जबकि श्याम हर छोटी बात पर उपद्रव मचाने के लिए मशहूर था। एक दिन, राम के घर की छत से पानी की कुछ बूंदें श्याम के आंगन में टपकने लगीं। यह एक मामूली सी बात थी, लेकिन श्याम ने इसे मुद्दा बना लिया। उसने शो...